Monday, October 18, 2021
23.1 C
Delhi

हवा में मार करने वाली मिसाइल एमआरएसएएम का सफल परीक्षण

Must read

गुरुग्राम में शुरू होगा हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय का ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट सेंटर

हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेवि), महेंद्रगढ़ का ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट सेंटर गुरुग्राम में शुरु होने जा रहा है। इस केंद्र के माध्यम से विश्वविद्यालय में...

भारत देश भारतीय स्वतंत्रता संग्राम क्रांतिकारियों के कारनामों से भरा हुआ है – बजरंग गर्ग

हिसार - हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी जिला हिसार द्वारा कांग्रेस पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्षता श्रीमती सोनिया गांधी व प्रदेश अध्यक्ष बहन कुमारी शैलजा जी...

छोटे किसान कर रहे हैं सामूहिक खेती : चेयरमैन नबार्ड

गुरुग्राम : छोटे छोटे किसान फिलहाल सामूहिक रूप से खेती कर रहे हैं यह देश में एक बड़ा सकारात्मक बदलाव है यह कहना था...

हमारा काम लोगो की मदद करना है: राहुल गांधी

नई दिल्ली: कांग्रेस पार्टी के नेता राहुल गांधी भारतीय युवा कांग्रेस के प्रांगण में कोरोना वॉरियर्स के सम्मान में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे। कार्यक्रम...

रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने आज करीब 1600 बजे ओडिशा तट के चांदीपुर एकीकृत परीक्षण रेंज से सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल (एमआरएसएएम) के सेना संस्‍करण का पहला सफल परीक्षण करते हुए एक उल्‍लेखनीय कामयाबी हासिल की। मिसाइल ने एक उच्च गति वाले मानव रहित हवाई लक्ष्य को पूरी तरह से नष्ट कर दिया। उसने लक्षित विमान का पीछा करते हुए सीधे तौर पर प्रहार किया।

एमआरएसएएम का सेना संस्करण भारत के डीआरडीओ और इजराइल के आईएआई द्वारा भारतीय सेना के उपयोग के लिए संयुक्त रूप से विकसित सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल है। एमआरएसएएम आर्मी हथियार प्रणाली में कमांड पोस्ट, मल्टी-फंक्शन रडार और मोबाइल लॉन्चर प्रणाली शामिल हैं। डिलिवरेबल कॉन्फिगरेशन में परीक्षण के दौरान पूरी फायर यूनिट का उपयोग किया गया है। उपयोगकर्ताओं यानी भारतीय सेना की एक टीम भी परीक्षण के दौरान मौजूद थी। इस दौरान तमाम रेंज उपकरण जैसे रडार, टेलीमेट्री और इलेक्ट्रो-ऑप्टिकल ट्रैकिंग सिस्टम को तैनात किया गया था और लक्ष्य के विध्‍वंश के साथ-साथ हथियार प्रणाली के प्रदर्शन एवं संपूर्ण मिशन का डेटा एकत्रित किया गया।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने डीआरडीओ और इस मिशन में शामिल टीम सदस्यों के प्रयासों की सराहना की। उन्‍होंने कहा कि भारत ने उन्नत हथियार प्रणालियों के स्वदेशी डिजाइन और विकास में उच्च स्तर की क्षमता हासिल की है।

रक्षा विभाग के सचिव (आरएंडडी) और डीआरडीओ के चेयरमैन डॉ. जी. सतीश रेड्डी ने पहले परीक्षण के दौरान लक्ष्य पर सीधा प्रहार करते हुए एमआरएसएएम सेना हथियार प्रणाली के सफल प्रदर्शन पर डीआरडीओ समुदाय को बधाई दी। उन्‍होंने रिकॉर्ड समय के भीतर इस हथियार प्रणाली को साकार करने और निर्धारित कार्यक्रम को पूरा करने में पूरी टीम के प्रयासों की सराहना की।

Sourcepib
- Advertisement -

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest article

गुरुग्राम में शुरू होगा हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय का ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट सेंटर

हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेवि), महेंद्रगढ़ का ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट सेंटर गुरुग्राम में शुरु होने जा रहा है। इस केंद्र के माध्यम से विश्वविद्यालय में...

भारत देश भारतीय स्वतंत्रता संग्राम क्रांतिकारियों के कारनामों से भरा हुआ है – बजरंग गर्ग

हिसार - हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी जिला हिसार द्वारा कांग्रेस पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्षता श्रीमती सोनिया गांधी व प्रदेश अध्यक्ष बहन कुमारी शैलजा जी...

छोटे किसान कर रहे हैं सामूहिक खेती : चेयरमैन नबार्ड

गुरुग्राम : छोटे छोटे किसान फिलहाल सामूहिक रूप से खेती कर रहे हैं यह देश में एक बड़ा सकारात्मक बदलाव है यह कहना था...

हमारा काम लोगो की मदद करना है: राहुल गांधी

नई दिल्ली: कांग्रेस पार्टी के नेता राहुल गांधी भारतीय युवा कांग्रेस के प्रांगण में कोरोना वॉरियर्स के सम्मान में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे। कार्यक्रम...

साइबर सिटी का बारिश से हाल बेहाल ओल्ड डीएलएफ नदी नाले में तब्दील

राजेंद्र कुमार रावत/गुरुग्राम: ओल्ड डीएलएफ की सड़क जो केंद्रीय विद्यालय और आकाश इंस्टीट्यूट के मध्य गुजरती है, थोड़ी सी बारिश ने प्रशासन की मानो पोल...