नगर निगम के खिलाफ रेहड़ी पटरी वालों ने खोला मोर्चा

पार्षद, गुंडे, निगम कर्मचारी और पुलिस के खिलाफ धरने पर बैठे गुरू द्रोण की नगरी के रेहड़ी पटरी वाले

0
57

दिल्ली रोड़ पर रेहड़ी लगाने वाले विक्रेता पिछले एक पखवाड़े से अपने अधिकार और मांग को लेकर नगर निगम कार्यालय के पास धरने बैठे है। रेहड़ी विक्रेताओ ने इस धरने के जरिये अपने कई समस्या लोगो के अलावा प्रशासन के सामने रखी है। इन विक्रेताओ का आरोप है की अपनी जीविका कमाने मे इन्हे स्थानीय गुंडो, हुडा एवं निगम के कर्मचारी के अलावा पुलिस और स्थानीय पार्षद से भी संघर्ष करना पड़ रहा है।

गुंडो को हफ्ते का अलावा इन्हे निगम और पुलिस कर्मियों को भी एक फिक्स राशि देनी पड़ती है। न देने के एवज मे ये लोग इन रेहड़ी वालों को परेशान करते है। इन्ही सब परेशानियों के चलते इन लोगो द्वारा रोष स्वरूप प्रशासन के गैर जिम्मेदाराना रवैया के विरुद्ध पुतला दहन कार्यक्रम बनाया गया तथा नगर निगम कार्यालय से डाकखाना चौक होते हुए सदर बाजार मस्जिद चौक से सोहना स्टैंड के रास्ते लघु सचिवालय के गेट पर सैकड़ों रेहड़ी विक्रेताओं की उपस्थिति में पुतला दहन किया गया। रेहड़ी वालों मे उस एरिया के जेई हरि ओम, अमित कुमार व निशु पाल के खिलाफ काफी रोष है। उनका आरोप है की इन अधिकारी द्वारा अपनी पावर का गलत इस्तेमाल कर उनका उत्पीड़न किया जा रहा है। जिसके चलते उन्होने एस डी एम को ज्ञापन सौपा और एसडीएम द्वारा उपायुक्त से बात करके समाधान का आश्वासन दिया।

रेहड़ी लगाने वाले नीरज ने बताया की वो आईडीपीएल ओल्ड दिल्ली रोड पर अपनी रेहड़ी लगते है। उन्होने बताया की वहाँ के पार्षद वीरेंदर यादव द्वारा यहाँ रेहड़ी वालों से हफ्ता वसूली की जाती है। जब उन लोगो ने हफ्ता देने से मना किया तो पार्षद ने निगम से शिकायत करके इन लोगो की रेहड़ी को हटवा दिया गया। एक अपाहिज महिला जो वहाँ पर अपनी रेहड़ी लगती है उन्होने बताया की अचानक कुछ पुलिस वाले आए उसकी रेहड़ी का समान फेक कर उनकी दुकान हटा दी। 12 साल से रेहड़ी लगानी वाली अन्य महिला ने बताया लगभग 2 साल से वहाँ के स्थानीय गुंडे हमे बाहर का बता कर उन्हे रेहड़ी लगाने से मना करते है और समान उठा कर फेक देते है। इसीलिए हम अपनी जीविका के लिए धरने पर बैठे है।

LEAVE A REPLY